आदरणीय योगी आदित्यनाथ जी महाराज,
आपको मूर्ख मंत्री साॅरी मुख्य मंत्री बनने पर बधाई। आपके कुछ कार्य मुझे बडे अच्छे लगे जैसे लाल बत्ती न लेना, कम से कम कोई बात तो केजरीवाल से सीखा आपने। फिर गैर कानूनी स्लॉटर हाउस बंद कर दिया, मैं तो आपसे उम्मीद करता हूँ कि इसके लाइसेंस रद्द कर दो। कानूनी या गैर कानूनी कैसे भी जानवरों की हत्या न हो। गुटखा और पालीथीन पहले से ही बंद था, लेकिन ठीक वैसे जैसे मुम्बई दिल्ली में बंद के बाद भी सब चलता है। आपने रिपीट ऑर्डर किया अच्छी बात है।
अब सब जगह नारे लग रहे हैं,
"यूपी में रहना है तो सिंगल-सिंगल कहना है।" कहीं ये आपका, पीएम का और आरएसएस का सिंगल होने का फ्रस्टेशन तो नहीं है कि न गर्लफ्रेंड रखेगें और न रखने देगे। पहले तो इसका नाम एंटी रोमियो नहीं रखो। क्योंकि रोमियो कोई सडकछाप आशिक नहीं था, उसका बडा इतिहास है। खैर क्या कहूँ इतिहास तो आप लोगों का कमजोर सब्जेक्ट है। मोदी जी की डिग्री में मैंने देखा कि वो हिस्ट्री में फेल कर गए थे। दूसरी बात आप बजरंग दल वाले काम पुलिस से करवा रहे हैं। फासिज्म की कौन सी नई परिभाषा है ये? जहाँ प्यार करना दुश्वार हो जाए। रही बात अपराध की तो आप यूपी, एमपी, छत्तीसगढ, राजस्थान के आकडे मिला लो। महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराधों में यूपी प्रति लाख जनसंख्या के आधार पर सबसे कम है। मैं जानता हूँ कि मुंबई का 100 नंबर एक-एक घंटे तक कोई उठाता नहीं है लेकिन यूपी में 20-25 मिनट में पुलिस पहुंच जाती थी। ये विश्व के सबसे बेहतरीन पुलिस सिस्टम में सुधार के जैसे है। यूनाइटेड स्टेट की एक तीन सदस्यीय समिति ने इसकी तारीफ की थी। यहाँ संख्या इसलिए भी ज्यादा है क्योंकि सब केश दर्ज अधिक होते थे। बाकी जगह तो बिना दर्ज किए ही लोग भगा दिए जाते हैं पुलिस स्टेशन से। यहां क्योंकि पुलिस के 100 नंबर पर काॅल सेंटर के जैसे प्रोफेशनल बैठते थे तो कोई डरता नहीं था फोन करने पर और आसानी से शिकायत दर्ज कराई जाती थी। लेकिन आपने आते ही नायक फिल्म का अनिल कपूर बनने के चक्कर में सब बदलना शुरू कर दिया। जिससे कानून व्यवस्था और उलझ गई है। लेकिन क्या करें यूपी में तो लोग राष्ट्रवाद और हिन्दू मुस्लिम मंदिर मस्जिद के चक्कर में पागल थे। उनको नहीं दिखा कि पहले तो आपके राष्ट्रीय अध्यक्ष (अमित शाह) जिनपर आधा दर्जन से अधिक केश और जिनको गुजरात हाईकोर्ट ने तडीपार किया, और आज भी जमानत पर हैं। फिर आपके प्रदेश अध्यक्ष (केशव प्रसाद मौर्या) जिनपर दर्जन भर केश हैं। फिर आप खुद जिस पर 17-18 केश हैं। जिन जिन गुंडों को सपा से अखिलेश ने बाहर किया वो सब आपके यहाँ आकर एमएलए बन गए। ऐसे कैसे आप अपराध खत्म करेंगे? ये तो वैसे ही हुआ कि विजय माल्या नोटबंदी का सपोर्ट करने लगे। लेकिन ये यूपी की जनता नासमझ है उसे अपने छोटे भाई बिहार से सीखने की जरूरत थी। यहाँ सब मंदिर मस्जिद के नशे में डूबे हुए थे, जबकि 80% घरों में शौचालय नही है, पेट में रोटी नहीं है लेकिन राम मंदिर चाहिए। लोगों को भडकाना बडा आसान है। आपकी सोच ही अराजकतावादी है। आप कहते हैं कोई एक मारे तो तुम सौ मारो। क्यों भाई कानून है आप कौन हो मारने वाले? उसे कानून से सजा दिलाओ। एक के बदले सौ? अरे एक गलत था बाकी 99 की क्या गलती? आप कहते हैं कि वो तुम्हारी एक लडकी से शादी करें तुम सौ लडकियां उनके घर से उठा लाओ। क्यों भाई? कानून संविधान सब तेल लेने गया क्या? ऐसे तो कल जो ताकतवर होगा कोर्ट न जाकर खुद ही फैसला कर लेगा। महिलाओं की रक्षा करने चले? आपके महिलाओं के खिलाफ जो बयान हैं वो ट्रम्प को भी पीछे छोड देते हैं। एक पुराने वीडियो में आपका समर्थक कहता है कि मुस्लिम औरतों को कब्र से खोदकर रेप करो। और आप मंच पर सामने बैठे हुए ताली बजाते हैं। आप खुद कहते हैं कि हर लडकी एक जिंदा बम है, उसे घर में ही कैद करके रखो नही तो बाहर जाएगी तो समाज की इज्जत खराब करेगी। पता नहीं कौन सा चश्मा लगा है आपको? ये सती प्रथा आप जैसे लोगों की ही देन होगा। आप कहते हैं कि औरतों को कोई अधिकार नहीं है कि वो पुरुषों की बराबरी करें। ऐसी घटिया मानसिकता वाले मूर्ख मंत्री साॅरी मुख्य मंत्री पर कैसे हम महिलाओं की रक्षा का भरोसा कर लें। आप तो फतवे वालों के जैसे लडकियों के जींस पहनने पर भी रोक लगाने की सोच रखते हैं। आप कहते हैं कि हर हिंदू को 4-5 बच्चे पैदा करना चाहिए और जो ऐसा करे उसे सब्सिडी मिले। क्या क्या गिनाऊं विकीपीडिया और गूगल भरा हुआ है आपके कारनामों से। मुझे पता है कि विश्व में हर जगह चरमपंथी ऐसे ही सुरक्षा के बहाने देकर महिलाओं को कैद करते हैं, तालिबान उदाहरण है। आपको क्या पता एक स्त्री के बारे में? वो हमारी आधी आबादी है इसलिये उनको खुद की रक्षा करने लायक बनने दो। पूरा इतिहास पढा है मैंने जहाँ ट्रम्प से लेकर हिटलर, नीरो और मुसोलिनी इसी तरह एंट्री करते रहे हैं। आप भी ट्रम्प के बडे फैन हैं सुना है मैंने। वहाँ एच1 वीजा पर रोक लगी है जिससे आईटी सेक्टर में रोजगार के लिए अफरातफरी मच गई है। जो अमेरिकी लोग ग्लोबलाइजेशन के मसीहा थे वो आज ये कर रहे हैं। असल में कुछ जगह युरोप, अमेरिका, अरब सहित पूरे विश्व में एक अल्ट्रा राइट आइडियोलाॅजी की राजनीति की तरफ लोग भ्रमित हो रहे हैं। कुछ एनआरआई और हमारे साफ्टवेयर इंजीनियर मित्र इस वीजा वाले फैसले से नाराज हैं। लेकिन क्यों? राज ठाकरे भी तो यही कहता है। फिर आप (योगी) भी तो वही भाषा बोलते हैं? तो हम सिलेक्टिव क्यों होते हैं, ट्रम्प, योगी और ठाकरे सबका विरोध करने की जरूरत है। यूपी में आजकल कुछ पोस्टर लगे हैं आपके समर्थकों के जो ट्रम्प की तरह यूपी से मुसलमानों को निकालने की बात लिखते हैं। अरे मुसलमानों ने देश की आजादी में कुरबानी दी है और जब उनको पाकिस्तान जाने को कहा गया तो वो नहीं गए। और दूसरी तरफ आपके आरएसएस का इतिहास लिखा पडा जो अंग्रेज सरकार के लिए जासूसी करते थे। रही बात आतंकवाद की तो जो दोषी हैं उन्हें कडी से कडी सजा दो। चाहे मुसलमान हो या एमपी में पकडे गए सात हिंदू लडके जो बीजेपी और आरएसएस से जुडे थे और आईएसआई के एजेंट थे। इसलिए ये सब छोडकर विकास पर ध्यान दो। यूएन की तीन रिपोर्ट अभी हाल ही में आई है, 1: वर्ड हंगर इंडेक्स जिसमें भारत 98 नंबर पर है। 2: वर्ड ह्यूमन रिसोर्स रिपोर्ट जिसमें भारत 112 नंबर पर है। 3: वर्ड हैप्पीनेस कंट्री जिसमें भारत 120 देशों से बाहर है। मतलब हमसे आगे तो बांग्लादेश और नेपाल हैं। बस पाकिस्तान दो तीन स्थान पीछे है। इस बात खुश होना चाहिए कि हम पाकिस्तान से आगे हैं। पता नहीं अगर पाकिस्तान न होता तो हमारी देशभक्ति का क्या होता? पता है लिस्ट में नंबर वन कौन है? नीदरलैंड। जहाँ इसबार चुनाव में ऐसी पार्टी बुरी तरह हार गई जो मुस्लिम और बाहरी लोगों का विरोध करती थी। एक ऐसी पार्टी "ग्रीन लेफ्ट" जीती जो सब छोडकर पर्यावरण संरक्षण की बात कर रही थी।
11 तारीख से मैंने तो राजनीति छोड ही दी थी, लेकिन आज भगत सिंह के शहीद दिवस पर उनको पढकर और एक प्रोग्राम में लेक्चर सुनकर चुप नहीं रहा गया और आपको पत्र लिख बैठा। वैसे पत्र तो राष्ट्रवादी है, "हिंदू"स्तान की विरासत है। और आप लोग तो ऐसे राष्ट्रवादी हैं जो रेलवे के इंग्लिश स्टाइल टायलेट में लोटा रखवा चुके हैं। इसलिए आप तो खुश होगे मुझपर। उम्मीद है आप आलोचना बर्दाश्त करके कुछ सुधार करेगें क्योंकि कबीर दास जी कहते हैं,
"निंदक नियरे राखिए, आंगन कुटी छवाय।
बिन पानी साबुन बिना निर्मल करे सुधाय।"
मतलब अपने आसपास चमचों की फौज से बेहतर है कि क्रिटिकल लोगों को रखो। हाँ, आपके अच्छे कार्यों की हमेशा तारीफ करूंगा बस यूपी में ज्यादा दूध की गंगा जमना न बहा देना क्योंकि आप तो लाल नदियां बहाते हैं। वैसे भी आपका नाम तो अजमेर ब्लास्ट से जुडे लोगों के साथ भी एनआईए की जांच रिपोर्ट में आ चुका है। आप जैसे लोगों को यहाँ फ्रिंज एलिमेंट्स कहा जाता था, और उसमें भी जब आप ही सरकार में आ जाएं तो लोकतंत्र खतरे में आ ही जाता है। आप तो नेपाल तक जाकर डेमोक्रेसी के खिलाफ आंदोलन कर चुके हैं। अच्छा चलते चलते एक और सवाल पूछने का मन हो रहा है। ये बताइए कि उस दिन सीएम हाउस का शुद्धिकरण क्यों कराया था? शायद आप जिसे हिन्दुत्व कहते हैं वो ब्राह्मणवाद है, जो एक यादव के छोडे हुए घर में जाने के पहले शुद्धिकरण करवाया था। सोसल मीडिया पर बैठे बडे नकली अहिंसावादी लोग आपका खूब सपोर्ट करते हैं, मतलब वो यूपी को जलते हुए देखना चाहते हैं। जबकि खुद तो सुरक्षित बैठे हैं। बस अंत में एक रिक्वेस्ट है कि इस एंटी रोमियो स्क्वाड का नाम बदलकर एंटी कन्हैया दल कर दो तो थोडा सा हिंदू टाइप फील होगा। क्यों इसका नाम एक ईसाई के नाम पर रखा है? भारत में प्रेम के प्रतीक तो श्रीकृष्ण जी ही हैं।
धन्यवाद ।
आपके उत्तर में आशावादी उत्तर प्रदेश का युवा जो नफरत नहीं प्यार की लडाई के साथ खडा है।
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